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हाई ब्‍लड प्रेशर को कंट्रोल रखने में मदद करता है शवासन, ये है करने का सही तरीका

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हाई ब्‍लड प्रेशर को कंट्रोल रखने में मदद करता है शवासन, ये है करने का सही तरीका

Yoga For High Blood Pressure: जरूरत से ज्यादा तनाव, खानपान की खराब आदतें और वर्कआउट की कमी की वजह से आज ज्यादातर लोग हाई ब्लडप्रेशर की समस्या से जुझ रहे हैं। दरअसल, शरीर के सभी अंग ठीक से काम करते रहे इसके लिए एक निश्चित प्रेशर के साथ शरीर में खून का बहाव जरूरी होता है।  लेकिन जब धमनियों में यह दबाव बढ़ जाता है तो इससे ब्लड सर्कुलेशन प्रभावित होने लगता है। धमनियों में बढ़ता यह दबाव हाई ब्लड प्रेशर की समस्या पैदा करता है। यही दवाब जब कम होता है तो व्यक्ति को लो बीपी की समस्या होने लगती है। ऐसे में अगर आप भी हाई बीपी की वजह से परेशान रहते हैं तो शवासन की मदद लें। शवासन का नियमित अभ्यास करने से न सिर्फ व्यक्ति का मन और दिमाग शांत बना रहता है बल्कि हाई ब्लड प्रेशर की समस्या भी दूर होती है। 

क्या है शवासन-   
शवासन का अर्थ होता है-शव यानी मृत शरीर, जो शव के समान हो जाता है। यही वजह है कि इस आसन को शवासन के नाम से जाना जाता है। इस आसन का रोजाना 15-20 मिनट अभ्यास करने से न सिर्फ दिमाग शांत रहता है बल्कि उच्‍च रक्‍तचाप की समस्या भी ठीक रहती है। शवासन की खासियत यह है कि इस आसन को हर आयु के लोग कर सकते हैं। आइए जानते हैं कैसे करें शवासन। 

शवासन करने का सही तरीका-
शवासन करने के लिए सबसे पहले अपनी पीठ के बल लेटकर अपने दोनों पैरों को ज्यादा से ज्यादा अंतर रखते हुए पैरों के पंजे बाहर और एडि़यां अंदर की तरफ मोड़कर रखें। अब अपने दोनों हाथों को शरीर से लगभग एक फिट की दूरी पर रखते हुए हाथों की अंगुलियां मुड़ी हुई और गर्दन को सीधा रखते हुए आंखें बंद रखें। अब शवासन का अभ्यास करते हुए अपने पैर के अंगूठे से लेकर सिर तक का भाग ढीला छोड़ दें। पूरा शरीर ढीला छोड़ने के बाद सबसे पहले मन को श्वांस-प्रश्वास के ऊपर लगाएं। ऐसा करते हुए मन से यह महसूस करें कि आपकी दोनों नासिकाओं से श्‍वास अंदर और बाहर जा रही है।

ऐसा करते समय महसूस करें कि नाक से जब श्वांस अंदर जाती है तो नासिका के अग्र में हल्की ठंडक और श्वांस बाहर छोड़ते समय गरमाहट महसूस होती है। इस आसन को करते समय इस गर्माहट और ठंडक को महसूस करने की कोशिश करें। ऐसा करते हुए अपने सीने तथा नाभि पर ध्यान केंद्रित करें, मन में उल्टी गिनती 100 से लेकर 1 तक करें। ध्यान रखें, ऐसा करते हुए आपका पूरा ध्यान सिर्फ आपके शरीर पर लगा हुआ होना चाहिए न कि मन में चल रहे विचारों पर। अपनी सांसों की गहराई को महसूस करने की कोशिश करें।

शवासन के फायदे-
-शवासन करने से तनाव दूर होता है। इस योग की खासियत यह है कि यह योग किसी भी तरह की कसरत के बाद करने से बॉडी को रिलैक्स करता है।
-शवासन ब्लडप्रेशर, तनाव और अनिद्रा की समस्या को दूर करने में भी मदद करता है।
-इस आसन का अभ्यास करते हुए शरीर जमीन से लगा रहता है जिससे शरीर में वात दोष को दूर करने में मदद मिलती है।
-इस आसन के अभ्यास से एकाग्रता बढ़ती है और मेमोरी में सुधार होता है।
-इस आसन का अभ्यास 10 मिनट तक करने से शरीर को ऊर्जा मिलती है।