Haryana News

जम्मू-कश्मीर: पुंछ हमले पर फारूक अब्दुल्ला ने कहा, कहीं न कहीं हुई है चूक

 | 
जम्मू-कश्मीर: पुंछ हमले पर फारूक अब्दुल्ला ने कहा, कहीं न कहीं हुई है चूक

नेशनल कांफ्रेंस के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने शुक्रवार को कहा कि जम्मू-कश्मीर के शीर्ष सुरक्षा अधिकारियों को उन खामियों पर गौर करना चाहिए जिनके कारण पुंछ जिले में हुए आतंकी हमले में सेना के पांच जवान शहीद हो गए। अब्दुल्ला ने यहां पत्रकारों से कहा, "वह क्षेत्र (जहां हमला हुआ) सीमा के करीब है। वहां सुरक्षा चूक हो सकती है, जिसकी उन्हें जांच करने की जरूरत है। कहीं न कहीं गलती हुई है, उन्हें इस पर गौर करना चाहिए।" 

श्रीनगर से लोकसभा सदस्य अब्दुल्ला रमजान के आखिरी शुक्रवार की नमाज अदा करने के लिए हजरतबल दरगाह में थे। बृहस्पतिवार को हुए आतंकवादी हमले में सेना के पांच जवान शहीद हो गए और एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। सेना ने कहा कि जवान आतंकवाद रोधी अभियानों के लिए तैनात राष्ट्रीय राइफल्स इकाई में शामिल थे। 

इस रमजान के दौरान कश्मीर में मुठभेड़ नहीं होने के बारे में पूछे जाने पर अब्दुल्ला ने कहा, "क्या आप चाहते हैं कि और मुठभेड़ हों? मैं भी वही कहूंगा जो भारत सरकार कह रही है कि स्थिति में सुधार हुआ है। इसलिए चुनाव होने चाहिए, लेकिन अल्लाह जाने वे कब चुनाव कराएंगे। अगर स्थिति शांतिपूर्ण है, तो वे चुनाव क्यों नहीं कराते? वे किस बात की प्रतीक्षा कर रहे हैं।'' अब्दुल्ला ने कहा कि रमजान का महीना एक ऐसा समय है जब "ये चीजें (मुठभेड़) नहीं होती हैं।" उन्होंने कहा, "लोग इबादत में व्यस्त हैं।" 

आतंकवादियों को खोजने के लिए ड्रोन, खोजी कुत्तों व हेलीकॉप्टर का इस्तेमाल
जम्मू-कश्मीर के पुंछ में बृहस्पतिवार को हुए एक आतंकवादी हमले में पांच जवानों के शहीद होने के बाद बाटा-डोरिया क्षेत्र के घने जंगल में सुरक्षा बलों ने एक बड़ा तलाश अभियान शुरू किया है। शुक्रवार को इस अभियान में ड्रोन और खोजी कुत्तों का इस्तेमाल किया गया वहीं एक एमआई हेलिकॉप्टर ने घने वन क्षेत्र की टोह ली। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण (एनआईए) की एक टीम ने घटना स्थल का दौरा किया और इलाके और उस वाहन का निरीक्षण किया जिस पर हमला किया गया था। 

अधिकारियों ने बताया कि पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) दिलबाग सिंह, एडीजीपी मुकेश सिंह सहित पुलिस और सेना के शीर्ष अधिकारियों ने इस अभियान की समीक्षा की। अधिकारियों ने बताया कि पूरे इलाके को घेर लिया गया है और आतंकवादियों को खोजने के लिए ड्रोन एवं खोजी कुत्तों का इस्तेमाल किया जा रहा है। सेना ने एक बयान में कहा है कि हमले में शहीद हुए जवान राष्ट्रीय राइफल्स इकाई के थे और उन्हें इलाके में आतंकवाद रोधी अभियानों के लिए तैनात किया गया था। पुंछ में बृहस्पतिवार को एक आतंकवादी हमले के बाद सेना के वाहन में आग लगने से पांच जवान शहीद हो गए, जबकि एक अन्य जवान गंभीर रूप से घायल हो गया। सेना ने कहा कि जिस वाहन में जवान यात्रा कर रहे थे, वह अज्ञात आतंकवादियों के हमले की चपेट में आ गया और संभवत: ग्रेनेड की चपेट में आने के कारण उसमें आग लग गई। अधिकारियों के अनुसार नियंत्रण रेखा के पास कड़ी सतर्कता बरती जा रही है और भीम्बर गली-पुंछ मार्ग पर यातायात रोक दिया गया है और लोगों को मेंढर के रास्ते पुंछ जाने की सलाह दी गई है।